गुरुवार, 21 अक्तूबर 2010

भारतीय सेना पर अब भी चलती है हुकूमत लन्दन की महारानी की .......

आज के दैनिक भास्कर के अनुसार भिलाई निवासी एक ७७ वर्षीय महिला  यस. राजेश्वरी  को भारतीय सेना ने पहले तो पेंशन देने से ही मना कर दिया पर बाद में  इंग्लैण्ड की महारानी की अनुसंशा पर पेंशन देना शुरू किया / उनके पति का निधन १९९७ में हुआ था / इस समाचार नें यह सोचने पर विवश कर दिया है कि क्या आज भी हमारी सेना पर लन्दन की महारानी की ही हुकूमत चल रही है ?  स्वतन्त्र भारत की व्यवस्था ऐसी क्यों है कि उसके एक नागरिक को अपनी सरकार पर नहीं बल्कि एक विदेशी सरकार पर भरोसा करना पडा ? आखिर भारतीय सेना मुख्यालय को किसी विदेशी की सिफारिश की ज़रुरत क्यों पडी और क्यों उस सिफारिश को ही इतना भरोसेमंद पाया गया ?